देवघर ( अमित कुमार ) : देवघर के राजकीयकृत विवेकानंद मध्य विद्यालय बरमसिया की शिक्षिका श्वेता शर्मा आगामी पांच सितंबर को नई दिल्ली में राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित होंगी। उन्हें यह सम्मान समाज व शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य के लिए प्रदान किया जाएगा। आगामी 5 सितंबर को राष्ट्रपति द्रोपदी मूर्मू राष्ट्रपति भवन के दरबार हाल में आयोजित एक समारोह में उन्हें पुरस्कार देकर सम्मानित करेंगी।
सोमवार को जैसे ही शिक्षिका श्वेता शर्मा का नाम राष्ट्रपति पुरस्कार के लिए चयनित होने की खबर आई तो शुभचिंतकों व परिजनों में हर्ष का माहौल उत्पन्न हो गया। हर कोई सोशल मीडिया व फोन पर उन्हें दिन भर बधाई देते रहे।
ज्ञात हो कि, राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार
2025 हेतु देशभर से चयनित 45
शिक्षकों में झारखंड से एकमात्र प्रतिनिधित्व श्वेता शर्मा कर रही हैं।
वर्तमान में वे देवघर के बरमसिया स्थित विवेकानंद मध्य विद्यालय में शिक्षण कार्य कर रही हैं।
श्वेता शर्मा को बच्चों की पढ़ाई और उनके प्रति विशेष लगाव के लिए जाना जाता है। उन्होंने प्रवर बाणी को बताया कि राष्ट्रीय स्तर पर चयन प्रक्रिया के दौरान ज्यूरी के सामने 7 मिनट में अपनी
प्रस्तुति देनी थी। ज्यूरी ने कहा कि प्राइमरी शिक्षक, खासकर पहली और दूसरी कक्षा के शिक्षकों को लेकर अलग धारणा होती
है, लेकिन आपने स्वयं को लगातार अपग्रेड और अपडेट किया है।
भारत सरकार की गाइडलाइन के अनुसार बच्चों को खेल-खेल में पढ़ाने के साथ-साथ दूसरे स्कूलों के शिक्षकों को भी अपने अनुभव से उन्होंने अपडेट और अपग्रेड करने की कोशिश की। यही उनके चयन
का प्रमुख आधार रहा। श्वेता शर्मा इससे पूर्व भी कई सम्मान प्राप्त कर चुकी हैं। वर्ष 2017 में जिलास्तरीय श्रेष्ठ शिक्षक पुरस्कार,
2018 में राज्य स्तर पर सर्वश्रेष्ठ शिक्षक पुरस्कार और 2021 में
राष्ट्रीय आईसीटी अवार्ड से उन्हें सम्मानित किया गया था।
राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए चयनित होने पर शिक्षिका श्वेता शर्मा को
बधाई देने वालों का ताँता लगा है। वहीं उनके चयन से देवघर जिले के निवासियों में खुशी की लहर देखी जा रही है।

