असम: झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) और जय भारत पार्टी की संयुक्त उम्मीदवार प्रीति रेखा बारला के समर्थन में आज असम के माजबत विधानसभा क्षेत्र के फटासमल गांव में एक जोरदार जनसंपर्क अभियान चलाया गया। इस दौरान अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री हफीज़ुल हसन अंसारी, झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायतुल्लाह खान, आयोग के उपाध्यक्ष प्रनेश सोलोमन, जेएमएम नेता कारी बरकत, बैरिस्टर फर्दीन इम्तियाज अहमद, यासीन खान, बंटी खान सहित कई प्रमुख लोग उपस्थित थे। इसके अलावा जेएमएम के अन्य नेता भी मौजूद रहे।
अभियान के दौरान पार्टी नेताओं, कार्यकर्ताओं और स्थानीय समर्थकों ने घर-घर जाकर लोगों से मुलाकात की और उनसे जेएमएम के पक्ष में मतदान करने की अपील की। फटासमल गांव में इस जनसंपर्क अभियान के दौरान लोगों का उत्साह देखने लायक था। कार्यक्रम में गांव के बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया और उम्मीदवार के समर्थन में अपनी सहमति जताई।
लोगों ने स्थानीय समस्याओं को उठाया और परिवर्तन की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम के दौरान झारखंड के मंत्री हफीज़ुल हसन ने कहा कि क्षेत्र के लोग अब अपने अधिकारों और शक्तियों के लिए एक मजबूत विकल्प चाहते हैं। उन्होंने दावा किया कि जेएमएम ही एकमात्र ऐसा विकल्प है जो जनता की आवाज़ को बुलंद कर सकता है और क्षेत्र के विकास को गति दे सकता है।
अभियान के दौरान रोजगार, शिक्षा, सड़क और स्वास्थ्य सुविधाएं प्रमुख मुद्दे रहे। कार्यकर्ताओं ने कहा कि अब समय आ गया है कि वर्षों से उपेक्षित इस क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा में शामिल किया जाए। चुनाव के नजदीक आते ही माजबत विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। विभिन्न दलों के बीच मुकाबला रोचक होता जा रहा है, जबकि जेएमएम भी अपनी स्थिति मजबूत करने में जुटी हुई है।
इस अवसर पर अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायतुल्लाह खान ने कहा कि आप सभी की समस्याएं आज तक कोई हल नहीं कर पाया है। अब जब जेएमएम मैदान में उतरी है, तो यह निश्चित है कि आपके सभी मुद्दों का समाधान होगा। यदि हम सफल होते हैं, तो वर्षों से चली आ रही समस्याओं का समाधान हमारी पहली प्राथमिकता होगी।
शाम के समय भी गांव वालों का उत्साह और जेएमएम के चुनाव चिन्ह ‘कमान और तीर’ पर उनका अटूट विश्वास स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। माजबत के लोग इस बार परिवर्तन के लिए पूरी तरह तैयार हैं। यह देखा जा रहा है कि टी-ट्राइब समुदाय का पूर्ण समर्थन जेएमएम और जय भारत पार्टी को मिल रहा है। साथ ही, इस जनसंपर्क अभियान में मंत्री हफीज़ हसन अंसारी और हिदायतुल्लाह खान सहित अन्य नेताओं की उपस्थिति से वहां के मुस्लिम अल्पसंख्यक भी प्रभावित हो रहे हैं। स्पष्ट रूप से यह देखा जा रहा है कि अब असम में भी जनजातीय और अल्पसंख्यक समुदायों का रुझान जेएमएम की ओर बढ़ रहा है।