धनबाद। धनबाद स्थित आईआईटी (आईएसएम) में शनिवार को आयोजित प्रथम शताब्दी व्याख्यान कार्यक्रम ऐतिहासिक और प्रेरणादायक रहा। समारोह में देश के प्रख्यात समाजसेवी और नोबेल शांति पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी की उपस्थिति ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया।
कार्यक्रम के दौरान युवा प्रतिभाओं ने सत्यार्थी को उनका एक सुंदर स्केच भेंट किया, जिसे उन्होंने मुस्कुराते हुए स्वीकार किया।
इस अवसर पर उपस्थित गणमान्य अतिथियों, शिक्षकों और छात्रों के बीच ज्ञान, सामाजिक जिम्मेदारी और मानवता के मूल्यों पर सार्थक चर्चा हुई। अपने संबोधन में सत्यार्थी ने छात्रों से समाज के कमजोर वर्गों के लिए काम करने और शिक्षा के माध्यम से सकारात्मक बदलाव लाने का आह्वान किया।
उन्होंने युवाओं को समाज के प्रति संवेदनशील बनने और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम का उद्देश्य केवल व्याख्यान तक सीमित नहीं था, बल्कि नई पीढ़ी को प्रेरित करने, सामाजिक सरोकारों के प्रति जागरूक करने और उन्हें देश के विकास में भागीदारी के लिए प्रोत्साहित करना भी था।

